🌐 भाषा

📍 नई दिल्ली
रविवार, 8 नवंबर 2026 विक्रम संवत 2083 कृष्ण चतुर्दशी · स्वाती आज का पंचांगआज का मंत्र
हिन्दी
ट्रेंडिंग

आज का चौघड़िया – बेंगलुरु

मंगलवार, 13 अप्रैल 2027 · चैत्र शुक्ल सप्तमी · विक्रम संवत 2084

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
रोगसुबह 6:08 – सुबह 7:41अशुभ
उद्वेगसुबह 7:41 – सुबह 9:14अशुभ
चरसुबह 9:14 – सुबह 10:47सामान्य
लाभसुबह 10:47 – दोपहर 12:20शुभ
अमृतदोपहर 12:20 – दोपहर 1:53शुभ
कालदोपहर 1:53 – दोपहर 3:26अशुभ
शुभदोपहर 3:26 – शाम 4:59शुभ
रोगशाम 4:59 – शाम 6:32अशुभ

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
कालशाम 6:32 – रात 7:59अशुभ
लाभरात 7:59 – रात 9:26शुभ
उद्वेगरात 9:26 – रात 10:53अशुभ
शुभरात 10:53 – रात 12:20 (14 अप्रैल)शुभ
अमृतरात 12:20 (14 अप्रैल) – रात 1:47 (14 अप्रैल)शुभ
चररात 1:47 (14 अप्रैल) – रात 3:14 (14 अप्रैल)सामान्य
रोगरात 3:14 (14 अप्रैल) – सुबह 4:41 (14 अप्रैल)अशुभ
कालसुबह 4:41 (14 अप्रैल) – सुबह 6:08 (14 अप्रैल)अशुभ

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय बेंगलुरु (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

पूछें