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आज का चौघड़िया – भुवनेश्वर

रविवार, 1 नवंबर 2026 · कार्तिक कृष्ण सप्तमी · विक्रम संवत 2083

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
उद्वेगसुबह 5:48 – सुबह 7:13अशुभ
चरसुबह 7:13 – सुबह 8:39सामान्य
लाभसुबह 8:39 – सुबह 10:04शुभ
अमृतसुबह 10:04 – सुबह 11:30शुभ
कालसुबह 11:30 – दोपहर 12:55अशुभ
शुभदोपहर 12:55 – दोपहर 2:21शुभ
रोगदोपहर 2:21 – दोपहर 3:46अशुभ
उद्वेगदोपहर 3:46 – शाम 5:12अशुभ

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
शुभशाम 5:12 – शाम 6:46शुभ
अमृतशाम 6:46 – रात 8:21शुभ
चररात 8:21 – रात 9:55सामान्य
रोगरात 9:55 – रात 11:30अशुभ
कालरात 11:30 – रात 1:05 (2 नव॰)अशुभ
लाभरात 1:05 (2 नव॰) – रात 2:39 (2 नव॰)शुभ
उद्वेगरात 2:39 (2 नव॰) – सुबह 4:14 (2 नव॰)अशुभ
शुभसुबह 4:14 (2 नव॰) – सुबह 5:48 (2 नव॰)शुभ

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय भुवनेश्वर (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

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