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आज का चौघड़िया – जयपुर

शनिवार, 21 नवंबर 2026 · कार्तिक शुक्ल द्वादशी · विक्रम संवत 2083

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
कालसुबह 6:50 – सुबह 8:11अशुभ
शुभसुबह 8:11 – सुबह 9:31शुभ
रोगसुबह 9:31 – सुबह 10:52अशुभ
उद्वेगसुबह 10:52 – दोपहर 12:12अशुभ
चरदोपहर 12:12 – दोपहर 1:32सामान्य
लाभदोपहर 1:32 – दोपहर 2:53शुभ
अमृतदोपहर 2:53 – शाम 4:13शुभ
कालशाम 4:13 – शाम 5:34अशुभ

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
लाभशाम 5:34 – रात 7:13शुभ
उद्वेगरात 7:13 – रात 8:53अशुभ
शुभरात 8:53 – रात 10:33शुभ
अमृतरात 10:33 – रात 12:12 (22 नव॰)शुभ
चररात 12:12 (22 नव॰) – रात 1:52 (22 नव॰)सामान्य
रोगरात 1:52 (22 नव॰) – रात 3:32 (22 नव॰)अशुभ
कालरात 3:32 (22 नव॰) – सुबह 5:11 (22 नव॰)अशुभ
लाभसुबह 5:11 (22 नव॰) – सुबह 6:51 (22 नव॰)शुभ

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय जयपुर (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

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