आज का चौघड़िया – लखनऊ
शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 · कार्तिक कृष्ण पंचमी · विक्रम संवत 2083
☀️ दिन का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| चर | सुबह 6:14 – सुबह 7:38 | सामान्य |
| लाभ | सुबह 7:38 – सुबह 9:02 | शुभ |
| अमृत | सुबह 9:02 – सुबह 10:25 | शुभ |
| काल | सुबह 10:25 – सुबह 11:49 | अशुभ |
| शुभ | सुबह 11:49 – दोपहर 1:13 | शुभ |
| रोग | दोपहर 1:13 – दोपहर 2:37 | अशुभ |
| उद्वेग | दोपहर 2:37 – शाम 4:01 | अशुभ |
| चर | शाम 4:01 – शाम 5:25 | सामान्य |
🌙 रात का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| रोग | शाम 5:25 – रात 7:01 | अशुभ |
| काल | रात 7:01 – रात 8:37 | अशुभ |
| लाभ | रात 8:37 – रात 10:13 | शुभ |
| उद्वेग | रात 10:13 – रात 11:50 | अशुभ |
| शुभ | रात 11:50 – रात 1:26 (31 अक्टू॰) | शुभ |
| अमृत | रात 1:26 (31 अक्टू॰) – रात 3:02 (31 अक्टू॰) | शुभ |
| चर | रात 3:02 (31 अक्टू॰) – सुबह 4:38 (31 अक्टू॰) | सामान्य |
| रोग | सुबह 4:38 (31 अक्टू॰) – सुबह 6:15 (31 अक्टू॰) | अशुभ |
चौघड़िया क्या है?
सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।
🌆 प्रमुख शहरों का चौघड़िया
समय लखनऊ (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।