आज का चौघड़िया – लखनऊ
गुरुवार, 18 फ़रवरी 2027 · माघ शुक्ल द्वादशी · विक्रम संवत 2083
☀️ दिन का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| शुभ | सुबह 6:40 – सुबह 8:05 | शुभ |
| रोग | सुबह 8:05 – सुबह 9:30 | अशुभ |
| उद्वेग | सुबह 9:30 – सुबह 10:55 | अशुभ |
| चर | सुबह 10:55 – दोपहर 12:20 | सामान्य |
| लाभ | दोपहर 12:20 – दोपहर 1:45 | शुभ |
| अमृत | दोपहर 1:45 – दोपहर 3:10 | शुभ |
| काल | दोपहर 3:10 – शाम 4:35 | अशुभ |
| शुभ | शाम 4:35 – शाम 6:00 | शुभ |
🌙 रात का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| अमृत | शाम 6:00 – रात 7:35 | शुभ |
| चर | रात 7:35 – रात 9:10 | सामान्य |
| रोग | रात 9:10 – रात 10:44 | अशुभ |
| काल | रात 10:44 – रात 12:19 (19 फ़र॰) | अशुभ |
| लाभ | रात 12:19 (19 फ़र॰) – रात 1:54 (19 फ़र॰) | शुभ |
| उद्वेग | रात 1:54 (19 फ़र॰) – रात 3:29 (19 फ़र॰) | अशुभ |
| शुभ | रात 3:29 (19 फ़र॰) – सुबह 5:04 (19 फ़र॰) | शुभ |
| अमृत | सुबह 5:04 (19 फ़र॰) – सुबह 6:39 (19 फ़र॰) | शुभ |
चौघड़िया क्या है?
सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।
🌆 प्रमुख शहरों का चौघड़िया
समय लखनऊ (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।