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आज का चौघड़िया – पटना

शुक्रवार, 4 सितंबर 2026 · भाद्रपद कृष्ण अष्टमी · विक्रम संवत 2083

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
चरसुबह 5:30 – सुबह 7:05सामान्य
लाभसुबह 7:05 – सुबह 8:39शुभ
अमृतसुबह 8:39 – सुबह 10:14शुभ
कालसुबह 10:14 – सुबह 11:48अशुभ
शुभसुबह 11:48 – दोपहर 1:22शुभ
रोगदोपहर 1:22 – दोपहर 2:57अशुभ
उद्वेगदोपहर 2:57 – शाम 4:31अशुभ
चरशाम 4:31 – शाम 6:05सामान्य

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
रोगशाम 6:05 – रात 7:31अशुभ
कालरात 7:31 – रात 8:57अशुभ
लाभरात 8:57 – रात 10:22शुभ
उद्वेगरात 10:22 – रात 11:48अशुभ
शुभरात 11:48 – रात 1:14 (5 सित॰)शुभ
अमृतरात 1:14 (5 सित॰) – रात 2:39 (5 सित॰)शुभ
चररात 2:39 (5 सित॰) – सुबह 4:05 (5 सित॰)सामान्य
रोगसुबह 4:05 (5 सित॰) – सुबह 5:31 (5 सित॰)अशुभ

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय पटना (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

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