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आज का चौघड़िया – जयपुर

गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 · आश्विन शुक्ल एकादशी · विक्रम संवत 2083

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
शुभसुबह 6:30 – सुबह 7:55शुभ
रोगसुबह 7:55 – सुबह 9:20अशुभ
उद्वेगसुबह 9:20 – सुबह 10:45अशुभ
चरसुबह 10:45 – दोपहर 12:11सामान्य
लाभदोपहर 12:11 – दोपहर 1:36शुभ
अमृतदोपहर 1:36 – दोपहर 3:01शुभ
कालदोपहर 3:01 – शाम 4:26अशुभ
शुभशाम 4:26 – शाम 5:52शुभ

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
अमृतशाम 5:52 – रात 7:27शुभ
चररात 7:27 – रात 9:01सामान्य
रोगरात 9:01 – रात 10:36अशुभ
कालरात 10:36 – रात 12:11 (23 अक्टू॰)अशुभ
लाभरात 12:11 (23 अक्टू॰) – रात 1:46 (23 अक्टू॰)शुभ
उद्वेगरात 1:46 (23 अक्टू॰) – रात 3:21 (23 अक्टू॰)अशुभ
शुभरात 3:21 (23 अक्टू॰) – सुबह 4:55 (23 अक्टू॰)शुभ
अमृतसुबह 4:55 (23 अक्टू॰) – सुबह 6:30 (23 अक्टू॰)शुभ

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय जयपुर (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

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