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आज का चौघड़िया – वाराणसी

सोमवार, 19 अक्टूबर 2026 · आश्विन शुक्ल अष्टमी · विक्रम संवत 2083

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
अमृतसुबह 5:58 – सुबह 7:24शुभ
कालसुबह 7:24 – सुबह 8:50अशुभ
शुभसुबह 8:50 – सुबह 10:16शुभ
रोगसुबह 10:16 – सुबह 11:42अशुभ
उद्वेगसुबह 11:42 – दोपहर 1:09अशुभ
चरदोपहर 1:09 – दोपहर 2:35सामान्य
लाभदोपहर 2:35 – शाम 4:01शुभ
अमृतशाम 4:01 – शाम 5:27शुभ

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
चरशाम 5:27 – रात 7:01सामान्य
रोगरात 7:01 – रात 8:35अशुभ
कालरात 8:35 – रात 10:09अशुभ
लाभरात 10:09 – रात 11:43शुभ
उद्वेगरात 11:43 – रात 1:17 (20 अक्टू॰)अशुभ
शुभरात 1:17 (20 अक्टू॰) – रात 2:51 (20 अक्टू॰)शुभ
अमृतरात 2:51 (20 अक्टू॰) – सुबह 4:24 (20 अक्टू॰)शुभ
चरसुबह 4:24 (20 अक्टू॰) – सुबह 5:58 (20 अक्टू॰)सामान्य

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय वाराणसी (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

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