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आज का चौघड़िया – वाराणसी

रविवार, 25 अक्टूबर 2026 · आश्विन शुक्ल चतुर्दशी · विक्रम संवत 2083

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
उद्वेगसुबह 6:01 – सुबह 7:26अशुभ
चरसुबह 7:26 – सुबह 8:51सामान्य
लाभसुबह 8:51 – सुबह 10:16शुभ
अमृतसुबह 10:16 – सुबह 11:42शुभ
कालसुबह 11:42 – दोपहर 1:07अशुभ
शुभदोपहर 1:07 – दोपहर 2:32शुभ
रोगदोपहर 2:32 – दोपहर 3:57अशुभ
उद्वेगदोपहर 3:57 – शाम 5:22अशुभ

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
शुभशाम 5:22 – शाम 6:57शुभ
अमृतशाम 6:57 – रात 8:32शुभ
चररात 8:32 – रात 10:07सामान्य
रोगरात 10:07 – रात 11:42अशुभ
कालरात 11:42 – रात 1:17 (26 अक्टू॰)अशुभ
लाभरात 1:17 (26 अक्टू॰) – रात 2:52 (26 अक्टू॰)शुभ
उद्वेगरात 2:52 (26 अक्टू॰) – सुबह 4:27 (26 अक्टू॰)अशुभ
शुभसुबह 4:27 (26 अक्टू॰) – सुबह 6:02 (26 अक्टू॰)शुभ

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय वाराणसी (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

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