आज का चौघड़िया – नई दिल्ली
बुधवार, 4 नवंबर 2026 · कार्तिक कृष्ण दशमी · विक्रम संवत 2083
☀️ दिन का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| लाभ | सुबह 6:35 – सुबह 7:57 | शुभ |
| अमृत | सुबह 7:57 – सुबह 9:19 | शुभ |
| काल | सुबह 9:19 – सुबह 10:42 | अशुभ |
| शुभ | सुबह 10:42 – दोपहर 12:04 | शुभ |
| रोग | दोपहर 12:04 – दोपहर 1:26 | अशुभ |
| उद्वेग | दोपहर 1:26 – दोपहर 2:49 | अशुभ |
| चर | दोपहर 2:49 – शाम 4:11 | सामान्य |
| लाभ | शाम 4:11 – शाम 5:34 | शुभ |
🌙 रात का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| उद्वेग | शाम 5:34 – रात 7:11 | अशुभ |
| शुभ | रात 7:11 – रात 8:49 | शुभ |
| अमृत | रात 8:49 – रात 10:27 | शुभ |
| चर | रात 10:27 – रात 12:04 (5 नव॰) | सामान्य |
| रोग | रात 12:04 (5 नव॰) – रात 1:42 (5 नव॰) | अशुभ |
| काल | रात 1:42 (5 नव॰) – रात 3:20 (5 नव॰) | अशुभ |
| लाभ | रात 3:20 (5 नव॰) – सुबह 4:58 (5 नव॰) | शुभ |
| उद्वेग | सुबह 4:58 (5 नव॰) – सुबह 6:35 (5 नव॰) | अशुभ |
चौघड़िया क्या है?
सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।
🌆 प्रमुख शहरों का चौघड़िया
समय नई दिल्ली (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।