आज का चौघड़िया – नई दिल्ली
गुरुवार, 17 दिसंबर 2026 · मार्गशीर्ष शुक्ल अष्टमी · विक्रम संवत 2083
☀️ दिन का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| शुभ | सुबह 7:07 – सुबह 8:24 | शुभ |
| रोग | सुबह 8:24 – सुबह 9:42 | अशुभ |
| उद्वेग | सुबह 9:42 – सुबह 10:59 | अशुभ |
| चर | सुबह 10:59 – दोपहर 12:17 | सामान्य |
| लाभ | दोपहर 12:17 – दोपहर 1:34 | शुभ |
| अमृत | दोपहर 1:34 – दोपहर 2:52 | शुभ |
| काल | दोपहर 2:52 – शाम 4:09 | अशुभ |
| शुभ | शाम 4:09 – शाम 5:27 | शुभ |
🌙 रात का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| अमृत | शाम 5:27 – रात 7:09 | शुभ |
| चर | रात 7:09 – रात 8:52 | सामान्य |
| रोग | रात 8:52 – रात 10:34 | अशुभ |
| काल | रात 10:34 – रात 12:17 (18 दिस॰) | अशुभ |
| लाभ | रात 12:17 (18 दिस॰) – रात 2:00 (18 दिस॰) | शुभ |
| उद्वेग | रात 2:00 (18 दिस॰) – रात 3:42 (18 दिस॰) | अशुभ |
| शुभ | रात 3:42 (18 दिस॰) – सुबह 5:25 (18 दिस॰) | शुभ |
| अमृत | सुबह 5:25 (18 दिस॰) – सुबह 7:07 (18 दिस॰) | शुभ |
चौघड़िया क्या है?
सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।
🌆 प्रमुख शहरों का चौघड़िया
समय नई दिल्ली (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।