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आज का चौघड़िया – जयपुर

मंगलवार, 27 अक्टूबर 2026 · कार्तिक कृष्ण प्रतिपदा · विक्रम संवत 2083

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
रोगसुबह 6:33 – सुबह 7:57अशुभ
उद्वेगसुबह 7:57 – सुबह 9:21अशुभ
चरसुबह 9:21 – सुबह 10:46सामान्य
लाभसुबह 10:46 – दोपहर 12:10शुभ
अमृतदोपहर 12:10 – दोपहर 1:34शुभ
कालदोपहर 1:34 – दोपहर 2:59अशुभ
शुभदोपहर 2:59 – शाम 4:23शुभ
रोगशाम 4:23 – शाम 5:47अशुभ

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
कालशाम 5:47 – रात 7:23अशुभ
लाभरात 7:23 – रात 8:59शुभ
उद्वेगरात 8:59 – रात 10:35अशुभ
शुभरात 10:35 – रात 12:10 (28 अक्टू॰)शुभ
अमृतरात 12:10 (28 अक्टू॰) – रात 1:46 (28 अक्टू॰)शुभ
चररात 1:46 (28 अक्टू॰) – रात 3:22 (28 अक्टू॰)सामान्य
रोगरात 3:22 (28 अक्टू॰) – सुबह 4:58 (28 अक्टू॰)अशुभ
कालसुबह 4:58 (28 अक्टू॰) – सुबह 6:33 (28 अक्टू॰)अशुभ

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय जयपुर (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

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