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आज का चौघड़िया – जयपुर

बुधवार, 28 अक्टूबर 2026 · कार्तिक कृष्ण तृतीया · विक्रम संवत 2083

☀️ दिन का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
लाभसुबह 6:33 – सुबह 7:58शुभ
अमृतसुबह 7:58 – सुबह 9:22शुभ
कालसुबह 9:22 – सुबह 10:46अशुभ
शुभसुबह 10:46 – दोपहर 12:10शुभ
रोगदोपहर 12:10 – दोपहर 1:34अशुभ
उद्वेगदोपहर 1:34 – दोपहर 2:58अशुभ
चरदोपहर 2:58 – शाम 4:22सामान्य
लाभशाम 4:22 – शाम 5:47शुभ

🌙 रात का चौघड़िया

चौघड़ियासमयफल
उद्वेगशाम 5:47 – रात 7:23अशुभ
शुभरात 7:23 – रात 8:58शुभ
अमृतरात 8:58 – रात 10:34शुभ
चररात 10:34 – रात 12:10 (29 अक्टू॰)सामान्य
रोगरात 12:10 (29 अक्टू॰) – रात 1:46 (29 अक्टू॰)अशुभ
कालरात 1:46 (29 अक्टू॰) – रात 3:22 (29 अक्टू॰)अशुभ
लाभरात 3:22 (29 अक्टू॰) – सुबह 4:58 (29 अक्टू॰)शुभ
उद्वेगसुबह 4:58 (29 अक्टू॰) – सुबह 6:34 (29 अक्टू॰)अशुभ

चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के रात्रिमान को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग लगभग डेढ़ घंटे का होता है और इसे चौघड़िया कहते हैं। अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया शुभ कार्यों के लिए उत्तम हैं, चर यात्रा के लिए अच्छा है, जबकि उद्वेग, काल और रोग में नए कार्य शुरू करने से बचा जाता है। गुजरात और राजस्थान में व्यापार, यात्रा और खरीदारी के लिए चौघड़िया विशेष रूप से देखा जाता है।

समय जयपुर (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।

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