आज का पञ्चाङ्ग – पुणे
रविवार, 5 जुलाई 2026 · आषाढ़ कृष्ण पंचमी · विक्रम संवत 2083
⚠️ आज पंचक है (चंद्रमा कुम्भ राशि में)। पंचक में लकड़ी इकट्ठा करना, छत डालना, दक्षिण दिशा की यात्रा और चारपाई बनवाना वर्जित माना जाता है।
रविवार, 5 जुलाई 2026, पुणे: कृष्ण पंचमी तिथि (दोपहर 1:31 तक), शतभिषा नक्षत्र, आयुष्मान योग। राहुकाल शाम 5:36 – रात 7:15।
सूर्योदय सुबह 6:02 · सूर्यास्त रात 7:15 · चंद्र राशि कुम्भ
पञ्चाङ्ग के पाँच अंग
Five limbs of the dayतिथिTithi
कृष्ण पंचमीदोपहर 1:31 तक, फिर षष्ठी
वारVara
रविवार
नक्षत्रNakshatra
शतभिषादोपहर 3:12 तक, फिर पूर्वा भाद्रपद
योगYoga
आयुष्मानशाम 4:38 तक
करणKarana
तैतिलदोपहर 1:31 तक, फिर गर
पक्षPaksha
कृष्ण पक्ष
चंद्र राशिMoon sign
कुम्भ
ऋतुRitu
ग्रीष्म
सूर्य और चंद्र
Sun & Moonसूर्योदयसुबह 6:02
सूर्यास्तरात 7:15
सूर्य राशिमिथुन
चंद्र राशिकुम्भ
हिन्दू कैलेंडर
Hindu calendarविक्रम संवत2083
शक संवत1948
मास (अमांत)ज्येष्ठ
मास (पूर्णिमांत)आषाढ़
ऋतुग्रीष्म
पक्षकृष्ण पक्ष
दिशा शूलपश्चिम
पंचकहाँ, आज पंचक है
शुभ और अशुभ समय
Muhurat & Rahu Kaalब्रह्म मुहूर्तBrahma Muhurtaसुबह 4:26 – सुबह 5:14
अभिजीत मुहूर्तAbhijit Muhurtaदोपहर 12:12 – दोपहर 1:05
राहुकालRahu Kaalशाम 5:36 – रात 7:15
यमगण्डYamagandaदोपहर 12:39 – दोपहर 2:18
गुलिक कालGulika Kaalदोपहर 3:57 – शाम 5:36
🧭 वास और शूल
| दिशा शूल | पश्चिम – आज इस दिशा की यात्रा टालें |
|---|---|
| शिववास | वृषभ पर आरूढ़ (शुभ – रुद्राभिषेक हेतु) |
| अग्निवास | पाताल में (अशुभ) |
| पंचक | हाँ, आज पंचक है |
🌕 चन्द्रबल
आज इन राशियों के लिए चंद्रमा अनुकूल है:
मेषवृषभसिंहकन्याधनुकुम्भ
🕐 आज का चौघड़िया (दिन)
दिन + रात देखें →उद्वेगसुबह 6:02 – सुबह 7:41
चरसुबह 7:41 – सुबह 9:21
लाभसुबह 9:21 – सुबह 11:00
अमृतसुबह 11:00 – दोपहर 12:39
कालदोपहर 12:39 – दोपहर 2:18
शुभदोपहर 2:18 – दोपहर 3:57
रोगदोपहर 3:57 – शाम 5:36
उद्वेगशाम 5:36 – रात 7:15
🪔 आने वाले व्रत-त्योहार
हिन्दू कैलेंडर →- रमा एकादशी5 नव॰, गुरु
- धनतेरस 20266 नव॰, शुक्र
- नरक चतुर्दशी (छोटी दिवाली) 20267 नव॰, शनि
- शनि प्रदोष7 नव॰, शनि
- दिवाली 20268 नव॰, रवि
- गोवर्धन पूजा (अन्नकूट) 202610 नव॰, मंगल
- भाई दूज 202611 नव॰, बुध
- छठ पूजा 202615 नव॰, रवि
🌆 प्रमुख शहरों का पञ्चाङ्ग
समय पुणे (भारतीय मानक समय) के लिए खगोलीय गणना से निकाला गया है। व्रत-त्योहार के सटीक मुहूर्त के लिए अपने पुरोहित से पुष्टि करें।